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जानें कैसे होगी माहवारी और उससे संबंद्ध भ्रांतियों दूर

नई दिल्ली. पूर्वी दिल्ली नगर निगम के सभागार में  माहवारी और उससे संबंद्ध समस्याओं एवं भ्रांतियों के बारे में एक सेमीनार का आयोजन किया गया. यह सेमीनार पूर्वी दिल्ली नगर निगम के सहयोग से भारतीय चिकित्सा एसोसिएशन द्वारा आयोजित गया. पूर्वी दिल्ली में स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ शमा बत्रा, डॉ निरूपमा गोयल, डॉ वंदना गोयल, डॉ इला गुप्ता, डॉ आभा अरोड़ा एवं  डॉ सुरभि गुप्ता उपस्थित थीं. इस कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्वी दिल्ली नगर निगम में शिक्षा समिति की अध्यक्षा, हिमांशी पांडे एवं भारतीय चिकित्सा संध की पूर्वी दिल्ली की शाखा की अध्यक्षा, नीलम लेखी ने की. इसके अलावा निगम स्कूलों के अध्यापक-अध्यापिका एवं स्कूली बच्चों ने भी इस कार्यक्रम में भाग लिया।

कार्यक्रम में महिलाओं हर माह होने वाले मासिक धर्म के बारे में व्याप्त भ्रांतियों पर विस्तार से चर्चा की. मंच पर उपस्थित सभी स्त्री रोग विशेषज्ञों ने कहा कि स्कूलो में पढ़ रही सभी बच्चियों को माहवारी के बारे में पहले से ही बताने एवं समझाने की आवश्यकता है जिससे वो इसको लेकर ना केवल सहज महसूस करे बल्कि इस दौरान स्वयं की स्वच्छता का भी ध्यान रखे.

डॉ सुरभि पांडे ने प्रजेनटेशन के माध्यम से सभागार में उपस्थित अध्यापिकाओं एवं स्कूली बच्चियों को माहवारी एवं स्वच्छता के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां दी. डॉ सुरभि ने कहा कि पारंपरिक समाज की यह मान्यता है कि मासिक धर्म के बारे में खुलकर बात ना की जाए तथा इस दौरान महिलाओं को उनके दिन-प्रतिदिन के कार्यां से भी वंचित रखा जाये. डॉ सुरभि ने कहा कि इस प्रकार की मान्यताएं महिलाओं के स्वास्थ्य के साथ अन्याय है, क्योंकि एसे में वह माहवारी से जुड़ी समस्याओं के बारे में वो किसी से बात नहीं करती और कई बार समस्या बड़ा रूप भी ले लेती है.

शिक्षा समिति की अध्यक्षा हिमांशी पांडे ने कहा कि स्कूलों की बच्चियों की माहवारी के बारे में बताने व इस संबंध सहज महसूस कराने के यह एक अनूठी पहल है. उन्होने इस मुहिम को नारी सशक्तिकरण से जोड़कर कहा कि महिला बहुत सशक्त है तथा माहवारी को लेकर जो भ्रांतियो समाज में प्रचलित है वह महिलाओं पीछे धकेलने को कोशिश मात्र है, जिसे स्वीकार नहीं किया जा सकता। पांडे ने कहा कि माहवारी एक सामान्य प्रक्र्रिया है जिसपर बात करने में संकोच नहीं होना चाहिए. उन्होने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम निगम स्कूलों में भी आयोजित किए जायेंगे.